
जिला प्रतिनिधी : (यश कायरकर)
ब्रह्मपुरी वन विभाग के अंतर्गत सिंदेवाही वनपरिक्षेत्र के उपक्षेत्र नवरगांव, नियतक्षेत्र पेंढरी में 27 जनवरी 2026 को वन कर्मचारियों द्वारा गश्त के दौरान संदिग्ध गतिविधि सामने आई।
नवरगांव से कोकेवाडा (पेंढरी) मार्ग पर गश्त कर रहे वन कर्मचारियों को कुछ अज्ञात व्यक्ति कुल्हाड़ी लेकर जाते हुए दिखाई दिए। वन कर्मचारियों को देखकर वे सभी व्यक्ति अपने हाथ में मौजूद साहित्य वहीं छोड़कर मौके से फरार हो गए।
घटनास्थल की तलाशी लेने पर वन कर्मियों को एक नायलॉन थैली मिली, जिसमें वन्यप्राणियों के शिकार में प्रयुक्त किया जाने वाला संदिग्ध साहित्य पाया गया। मामले की प्राथमिक जांच में चार व्यक्तियों के नाम सामने आए हैं—
हिरासिंह रामसिंह भुरानी (उम्र 60 वर्ष), व्यवसाय – मजदूरी, निवासी – गोविंदपुर, तहसील नागभिड, जिला चंद्रपुर
विद्यानंद शंकर नान्ने (उम्र 39 वर्ष), व्यवसाय – मजदूरी, निवासी – कोकेवाडा, तहसील सिंदेवाही, जिला चंद्रपुर
अविनाश शालिक पोहनकार (उम्र 32 वर्ष), व्यवसाय – मजदूरी, निवासी – आलेसुर चक, तहसील सिंदेवाही, जिला चंद्रपुर
अरुण वामन पोहनकार (उम्र 36 वर्ष), व्यवसाय – मजदूरी, निवासी – आलेसुर चक, तहसील सिंदेवाही, जिला चंद्रपुर
यह संपूर्ण कार्रवाई माननीय कुमारस्वामी एस. आर., उपवनसंरक्षक, ब्रह्मपुरी वन विभाग के मार्गदर्शन में संपन्न हुई। साथ ही माननीय अरविंद जे., सहायक वनसंरक्षक (प्रादेशिक एवं वन्यजीव) तथा एम. बी. गायकवाड, सहायक वनसंरक्षक (तेंदू) के निर्देशन में सिंदेवाही वनपरिक्षेत्र अधिकारी अंजली सायंकार (बोरावार) के नेतृत्व में कार्रवाई की गई।
इस कार्रवाई में क्षेत्र सहायक आर. आर. सिडाम, वनपाल वाय. एम. चौके, वनरक्षक एस. एम. नागरे, ओ. व्ही. चहांदे, एस. एम. पारेकर, प्राजक्ता चौधरी, माधुरी सुरपाम, RRU टीम सिंदेवाही के अतुल बोरकर, विनोद चिकराम, वाहन चालक रवि मारभते एवं कमलाकर बोरकुंडवार सहित अन्य कर्मचारियों ने महत्वपूर्ण सहयोग दिया।
वन विभाग द्वारा इस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।




